"कुछ नशा तिरंगे की आन का है
कुछ नशा मात्रभूमि की शान का है
हम लहराएंगे हर जगह तिरंगा
नशा ये हिंदुस्तान की शान का है "
"कुछ नशा तिरंगे की आन का है
कुछ नशा मात्रभूमि की शान का है
हम लहराएंगे हर जगह तिरंगा
नशा ये हिंदुस्तान की शान का है "
ये आन तिरंगा है,
ये शान तिरंगा है,
मेरी जान तिरंगा है,
ये आन तिरंगा है,
ये शान तिरंगा है,
मेरी जान तिरंगा है,
अरमान तिरंगा है,
अभिमान तिरंगा है,
मेरी जान तिरंगा है,
ये आन तिरंगा है,
ये शान तिरंगा है,
याद शहीदोँ की आएगी जब ये ध्वज लहराएँगे
जब ये ध्वज लहराएँगे,
इसके तीनो रंग कयामत
सदियोँ तक लहराएँगे,
आजादी जिनके दम से है
उनका नाम बड़ाएँगे,
उनकी कुरबानी को यारो
हरगिज नहीँ लजाएँगे,
विश्वाश तिरंगा है
वरदान तिरंगा हैै
मेरी जान तिरंगा है,
इसके खातिर कसम है हमको
अपना शीश कटा देँगे,
जितना भी इस जिस्म मेँ बाकि
सारा लहू बहा देँगे,
इसे खातिर जो हम ठानेँगे
करके हम दिखला देँगे,
अपनी धरती के आगे हम
सारा गगन झुका देँगे,
ईमान तिरंगा है
भगवान तिरंगा है,
मेरी जान तिरंगा है
मेरी शान तिरंगा है ।।